अवैध कोयला डिपो पर खनन पदाधिकारी ने मारा छापा - BiharDailyNow
   Breaking News

अवैध कोयला डिपो पर खनन पदाधिकारी ने मारा छापा

ऋषभ कुमार,  रजौली

 

अनुमंडल कार्यालय से लगभग एक किलोमीटर की दूरी पर चल रहे अवैध कोयला डिपो की सूचना पर गत महीने जांच के लिए पहुंचे एसडीओ चंद्रशेखर आजाद के द्वारा  कोयला डिपो से संबंधित कागजातों की मांग की गई थी। लेकिन कोयला डिपो के संचालक के द्वारा कागजात नहीं दिखाया जा सका था। एसडीओ ने बताया कि कोयला डिपो की जांच के मामले को सहायक निदेशक खनन नवादा व अंचलाधिकारी रजौली एवं थानाध्यक्ष रजौली को कोयला डिपो की जांच करने को लेकर पत्र भेजा गया था।लेकिन उनके द्वारा मामले को ठंडे बस्ते में डालकर चुप्पी साध ली गई थी।तत्पश्चात उन्होंने ने पुनः 2 जनवरी 2021 को कोयला डिपो की जांच को लेकर उक्त अधिकारियों को पत्र के माध्यम से स्मरण कराया गया।साथ ही यह कहा गया कि रजौली में चल रहे कोयला डिपो के जांच पड़ताल करते हुए आवश्यक कार्यवाई  करने की मांग आपलोगों से की गई थी।जोकि आज तक नहीं किया गया। इससे स्पष्ट होता है कि आपके द्वारा सरकारी कार्यो में शिथिलता तथा लापरवाही बरती जाती है।साथ ही प्रशासनिक तंत्र के प्रति सक्रियता आप लोगों में नहीं दिखाई जाती है,जो खेद जनक है।अतएव चल रहे अवैध कोयला डिपो के लिए पुन: आप लोगों को स्मरण कराते हुए अनुरोध किया जाता है।चल रहे अवैध कोयला डिपो की छानबीन कर निरोधात्मक कार्रवाई करने के लिए संबंधित वांछित प्रतिवेदन से अवगत कराएं।ताकि इन अवैध कोयला डिपो के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई की जा सके।

एसडीओ के द्वारा मांग के फलस्वरूप सहायक निदेशक खनन नवादा के विजय कुमार सिंह एवं अंचलाधिकारी रजौली के अनिल प्रसाद व थाने के एएसआई अनील कुमार के द्वारा मंगलवार की शाम उक्त कोयला डिपो पर जाकर जांच किया गया।साथ ही साथ कोयला डिपो के संचालक को इन डिपो के वैध होने की कागजातों की मांग की गई, जिसे नहीं दिखाया गया। इसके कारण उन्हें एक निश्चित समय दिया गया है।सहायक खनन निदेशक विजय कुमार सिंह ने कहा कि जब तक ये लोग कागजात नहीं दिखाते हैं। तब तक कोयले की खरीद बिक्री बंद रखेंगे।इन्हें कल तक का समय दिया गया है।कागजात नहीं दिखाये पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। बताते चलें कि रजौली के एनएच 31 सड़क किनारे अभी ट्रकों को लगाकर उनसे कोयले के डस्ट चालकों के मिलीभगत से चोरी कर डंपिंग किया जाता है।यह कार्य हरदिया, करिगांव मोड़ एवं अंधरवारी राष्ट्रीय राजमार्ग से मुरहेना जाने वाले रास्तों पर खुलेआम किया जाता है।साथ ही साथ इनके संचालकों द्वारा कहा जाता है कि थानाध्यक्ष एवं डीएसपी को मोटी रकम देते हैं।कोई हमारा क्या बिगाड़ सकता है।अब देखना यह है कि क्या यह लोग कागजात दिखा पाते हैं या फिर जांच के बाद अधिकारी के मेल से अवैध कोयले का काम चलता रहता है।बीते सात साल पूर्व भी तात्कालिक अनुमंडल पदाधिकारी रजौली के हिमांशु शर्मा के द्वारा रजौली में चल रहे दर्जनों अवैध कोयले डिपो को बंद कराया गया था।जब तक वे रजौली में रहे तब तक इन कोयला डिपो को खोलने की हिम्मत नहीं दिखा सके थे। साथ ही वर्षों तक अवैध कारोबारी इससे तौबा कर रखे थे।लेकिन गत 2 से 3 माह पूर्व ये लोग पुनः अपना वर्चस्व दिखाते हुए सड़क के किनारे अवैध कोयला डिपो खोलकर पैर पसारने लगे हैं।चोरी का माल सस्ते में लेने सेे इनको तो मुनाफा होती है।लेकिन इनके द्वारा कोयला खरीदने वाले ईंट भट्ठा संचालकों को काफी नुकसान होता है।

 

Spread the love
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

Leave a Reply